प्रश्न 1 में से 80
गद्यांश आधारितनिम्नलिखित में से कौन-से कथन, सर्वाधिक तर्कसंगत और विवेकपूर्ण निष्कर्षों को सर्वोत्तम रूप से दर्शाते हैं, जिन्हें इस परिच्छेद से प्रतिपादित किया जा सकता है?
1. खाद्यान्न की हानि और बर्बादी के लिए खाद्यान्न वितरण की चालू पद्धतियाँ पूर्ण रूप से उत्तरदायी हैं।
2. खाद्यान्न की हानि और बर्बादी की प्रचलित प्रवृत्ति से भूमि की उत्पादकता प्रतिकूल रूप से प्रभावित होती है।
3. खाद्यान्न की हानि और बर्बादी में कमी के परिणामस्वरूप कार्बन फुटप्रिंट में कमी आती है।
4. खाद्यान्न की हानि और बर्बादी को रोकने या कम करने के लिए कटाई-उपरांत (पोस्ट-हार्वेस्ट) प्रौद्योगिकियाँ उपलब्ध नहीं हैं।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
सही उत्तर विकल्प B
गद्यांश प्रत्येक कथन की जाँच के सूत्र देता है।
कथन 1: कहता है कि वितरण पद्धतियाँ *पूर्ण रूप से* उत्तरदायी हैं। गद्यांश कहता है कि खाद्यान्न "आरंभिक कृषि उत्पादन से लेकर अंतिम घरेलू उपभोग तक" पूरी आपूर्ति शृंखला में नष्ट होता है — केवल वितरण नहीं। गलत (अति निरपेक्ष)।
कथन 2: बर्बादी से "लगभग 45% भूमि-निम्नीकरण" होता है; निम्नीकृत भूमि की उत्पादकता घटती है। समर्थित।
कथन 3: "बरबाद खाद्यान्न पर व्यय ऊर्जा से प्रतिवर्ष लगभग $3.5$ बिलियन टन कार्बन डाइऑक्साइड" — बर्बादी घटाने से कार्बन फुटप्रिंट घटता है। समर्थित।
कथन 4: कटाई-उपरांत प्रौद्योगिकियों के अनुपलब्ध होने की कोई बात नहीं। असमर्थित।
केवल 2 और 3 मान्य हैं।
विकल्प B